Facebook Twitter Youtube g+ Linkedin
कलराज मिश्र ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट में मुख्य अतिथि होंगे प्रधानमंत्री ने नवीन गरीब हितकारी पहल-स्वावलंबन अभियान का शुभारंभ किया गृह मंत्री काठमांडू में आंतरिक/गृह सार्क मंत्रियों की बैठक में भाग लेंगे नरेंद्र मोदी ने अपने जन्मदिन पर मां से आशीर्वाद लिया लालकृष्ण आडवाणी लोकसभा आचार समिति के नए अध्यक्ष चीन के राष्ट्रपति ने मोदी को जन्मदिन पर मुबारकबाद दी मध्यप्रदेश में अनेक मल्टीनेशनल कम्पनी सफलता से कर रही काम मध्यप्रदेश में गरीबी उन्मूलन के सफल प्रयासों को विश्व बेंक ने सराहा योजनाओं का अधिकतम लाभ वास्तविक हितग्राहियों तक पहुँचे समग्र छात्रवृत्ति के लिये डेढ़ करोड़ से अधिक बच्चों की मेपिंग सुपर 500 योजना हुई सुपर 5000 योजना प्रधानमंत्री और चीन के राष्‍ट्रपति की मौजूदगी में तीन एमओयू पर हस्‍ताक्षर केन्द्रीय भवन और अन्य निर्माण श्रमिक सलाहकार समिति की 16वीं बैठक प्रदेश में माँग की तुलना में बिजली की उपलब्धता ज्यादा उच्च शिक्षा मंत्री द्वारा वाल्मीकी पार्क के विकास कार्य का भूमि-पूजन फसल बीमा योजना में और सुधार के प्रयास जारी अंतर सिंह आर्य ने दुआओं के बीच विदा किया हज-यात्रियों को चीन के राष्‍ट्रपति प्रधानमंत्री श्री मोदी के साथ साबरमती आश्रम देखने गए अजा-अजजा वर्ग के विरुद्ध अपराध प्रकरणों में राहत राशि बढ़ी प्रेस संबोधन के दौरान प्रधानमंत्री द्वारा दी गई टिप्‍पणी का मूल पाठ राजनाथ सिंह दक्षेस देशों की बैठक में भाग लेने के लिए काठमांडू रवाना भारत और चीन के बीच12 समझौतों पर हस्ताक्षर भारत और चीन के बीच सीमा विवाद सुलझाने पर जोर चीन के राष्ट्रपति शी चिनफिंग ने राजघाट जाकर गांधी जी को श्रद्धांजलि दी नामीबिया के उच्‍चायुक्‍त ने कृषि मंत्री से मुलाकात की राष्‍ट्रपति का वि‍यतनाम की यात्रा से स्‍वदेश लौटते पर वक्‍तव्‍य आयोग द्वारा किये जा रहे नवाचारों का शहर से गाँव तक हो प्रचार-प्रसार प्रदेश में नाप-तौल उपकरणों के सत्यापन की व्यवस्था मध्यप्रदेश बना आई.टी. उद्योग की पसंद मुख्य सचिव ने दिए सेवा संबंधी प्रकरणों में समाधान के निर्देश उपलब्ध स्टॉक से अधिक मात्रा में गेहूँ का वितरण न हो सुरेंद्र सिंह ओ.एस. डी. पदस्थ प्रधानमंत्री 25 सितंबर से शुरू करेंगे ‘मेक इन इंडिया’ अभियान जिलों से शासकीय शालाओं में शौचालय संबंधी जानकारी माँगी गयी Follows us on 
 मुख्य शीर्षक
 आज के कार्यक्रम
..........
 आमने सामने
  

मिशन दिल्ली: जल्द वादे पूरा करना चाहती है सपा

MP POST:-28-03-2012
लखनऊ। उत्तर प्रदेश की जीत से उत्साहित सपा की नजर अब दिल्ली फतह पर है, जिसके लिए वह उन सब वादों को पूरा करना चाहती है जो उसने राज्य विधानसभा चुनाव के दौरान जनता से किए थे। जिसके लिए सपा प्रमुख मुलायम सिंह यादव पूरी शिद्दत के साथ जुट गए हैं और वादों को जल्द से जल्द पूरा करने के लिए प्रदेश सरकार को निर्देश भी दे दिए हैं।
बेटे अखिलेश यादव को उत्तार प्रदेश की गद्दी सौंपकर मुलायम अब केंद्र की राजनीति में बड़ी भूमिका निभाना चाहते हैं। विधानसभा चुनाव से पहले लोगों से किए गए वादों को पूरा कर सपा अध्यक्ष आगामी लोकसभा चुनाव में पार्टी को एक बड़ी ताकत बनाना चाहते हैं। बीते दिनों समाजवादी चिंतक राम मनोहर लोहिया की जयंती पर लखनऊ में उन्होंने मुख्यमंत्री अखिलेश से जल्द से जल्द घोषणा पत्र में किए गए वादे पूरे करने के निर्देश दिए थे। मुलायम ने कहा कि घोषणा पत्र के सारे वादे जल्द पूरा करें। घोषणा पत्र की प्रतियां अधिकारियों को दे दें और उनसे अपने विभाग में इसे छह माह में लागू करने के लिए कहे। घोषणा-पत्र के सभी वादे पूरे करने में एक साल से ज्यादा का समय नहीं लगना चाहिए।
जानकारों के मुताबिक प्रदेश सरकार यदि किसानों के लिए पेंशन व बीमा, किसानों तथा बुनकरों को नि:शुल्क बिजली और उनकी कर्जमाफी, सभी को नि:शुल्क दवा एवं शिक्षा, कन्या विद्या धन, छात्रों को लैपटॉप व टैबलेट तथा बेरोजगारी भत्तो जैसे वादों को एक साल के भीतर पूरा कर देती है तो देश में मध्याविध चुनाव की स्थिति में सपा इन्हें जनता के बीच गिनवा सकेगी। आम चुनाव यदि नियत समय पर होते है तो भी पार्टी को जनता के बीच इन्हे ठीक से प्रचारित करने का समय मिल जाएगा।
घोषणा पत्र में किए गए वादों को पूरा करने के अलावा मुलायम सिंह लगातार मंत्रियों को अनुशासन में रहने और सादगी बरतने के साथ-साथ ईमानदारी से काम करने की नसीहत दे रहे हैं, ताकि अखिलेश के नेतृत्व वाली प्रदेश सरकार पर कोई दाग न लगे और सरकार के सुशासन के बल पर आगामी चुनाव में उसे जनता का भरपूर समर्थन मिले।
राजनीतिक विश्लेषक एवं लखनऊ विश्वविद्यालय में राजनीति विज्ञान के प्रोफेसर रमेश दीक्षति ने कहा कि मुलायम को पता है कि चुनावी वादे पूरे करने से सपा की जनता के बीच अच्छी छवि बनेगी और लोकसभा चुनाव में पार्टी को इसका फायदा मिलेगा।
उन्होंने कहा कि जनता के बीच अच्छी छवि बनाने के लिए ही मुलायम अब केंद्र में कांग्रेस की अगुवाई वाली संप्रग सरकार में शामिल होने से पीछे हट रहे हैं, क्योंकि उन्हें लगता है कि घोटालों के आरोपों से घिरी संप्रग सरकार में शामिल होने से सपा की छवि भी धूमिल हो सकती है और लोकसभा चुनाव में पार्टी को इसका नुकसान हो सकता है।